भारत-फ्रांस रक्षा डील: SCALP मिसाइल खरीद पर चर्चा जारी | सौदे की संभावना हजार करोड़ों में


नई दिल्ली। भारत और फ्रांस के बीच रक्षा सहयोग और SCALP मिसाइल खरीद को लेकर बातचीत जारी है। यह डील हजारों करोड़ रुपये के क्षेत्र में होने का अनुमान जताया जा रहा है। दोनों देशों के बीच सैन्य रणनीति, तकनीकी साझेदारी और वैश्विक सुरक्षा पर विस्तार से चर्चा हो रही है। पढ़िए पूरी ख़बर।

भारत और फ्रांस के बीच रक्षा सहयोग को और मजबूत करने के लिए वार्ता जारी है। खासतौर पर SCALP मिसाइल खरीद सौदे पर विस्तार से चर्चा हो रही है, जिसकी कीमत हजारों करोड़ रुपये के आसपास होने का अनुमान है।

SCALP मिसाइल एक लॉन्ग-रेंज, प्रीसिजन स्ट्राइक सिस्टम है, जिसे फ्रांस की MBDA कंपनी विकसित करती है। यह मिसाइल उच्च सटीकता, लंबी दूरी पर लक्ष्य भेदने की क्षमता और आधुनिक युद्ध तकनीक के लिए जानी जाती है। रक्षा विश्लेषकों के मुताबिक, भारत की वायु सेना और भूमि सेना दोनों के लिए इस तरह के सिस्टम की आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही है।

दोनों देशों के अधिकारियों ने कहा है कि बातचीत अभी प्रारंभिक चरण में है, और डील के अंतिम स्वरूप, तकनीकी विनिर्देशों, तथा भुगतान संरचना पर विस्तृत विचार-विमर्श चल रहा है। सरकार का यह भी कहना है कि रक्षा खरीद में पारदर्शिता, लागत-प्रभाविता और देश की रणनीतिक जरूरतों को प्राथमिकता दी जाएगी।

यह बातचीत ऐसे समय में हो रही है जब भारत और फ्रांस के बीच पहले से ही कई रक्षा समझौते और साझेदारी मौजूद हैं, जैसे Rafale जैट एयरक्राफ्ट, समुद्री सुरक्षा सहयोग तथा संयुक्त अभ्यास। अब SCALP मिसाइल डील को इन सहयोगों की अगली कड़ी माना जा रहा है।

विशेषज्ञों के अनुसार, SCALP मिसाइल की खरीद से भारत की हवाई ताकत और बहुआयामी युद्ध क्षमता में वृद्धि होगी, और यह कदम भारत की रक्षा रणनीति को और मजबूत करेगा। हालांकि, डील की पूरी लागत और समयसीमा सरकार द्वारा अभी आधिकारिक तौर पर घोषित नहीं की गई है।

केंद्र सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि किसी भी बड़े रक्षा सौदे पर निर्णय लेने से पहले सुरक्षा, तकनीकी मूल्यांकन और बजटीय अनुशासन जैसे सभी पहलुओं का निश्पक्ष मूल्यांकन किया जाता है।

तथ्य जांच

✔ भारत और फ्रांस के बीच SCALP मिसाइल खरीद पर बातचीत जारी है।
✔ SCALP मिसाइल एक लांग-रेंज, प्रीसिजन स्ट्राइक सिस्टम है।
✔ डील की लागत हजारों करोड़ रुपये के स्तर पर होने का अनुमान है।
✔ बातचीत अभी प्रारंभिक चरण में है, अंतिम निर्णय नहीं लिया गया।
✔ सरकार ने कहा कि सुरक्षा और बजटीय अनुशासन को ध्यान में रखकर निर्णय लिया जाएगा।

एक टिप्पणी भेजें

और नया पुराने