अफगानिस्तान के काबुल में एक बड़े अस्पताल पर हुए हवाई हमले ने पूरी दुनिया को झकझोर दिया है। अफगान अधिकारियों के अनुसार इस हमले में कम से कम 400 लोगों की मौत और करीब 250 लोग घायल हुए हैं।
बताया जा रहा है कि यह हमला एक ड्रग रिहैबिलिटेशन अस्पताल (ओमिद अस्पताल) पर हुआ, जहां बड़ी संख्या में मरीज मौजूद थे। हमले के बाद अस्पताल का बड़ा हिस्सा नष्ट हो गया और मलबे में कई लोग फंस गए।
इस घटना पर भारत ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए पाकिस्तान की कड़ी आलोचना की है। भारत सरकार ने कहा कि नागरिकों और अस्पताल जैसे गैर-सैन्य ठिकानों पर हमला किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। इसे “कायराना” और “बर्बर” करार दिया गया।
भारत के विदेश मंत्रालय ने इस घटना को “सैन्य कार्रवाई के नाम पर नरसंहार” जैसा बताया और कहा कि इस तरह के हमले अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून के खिलाफ हैं।
वहीं दूसरी ओर पाकिस्तान ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि उसकी कार्रवाई केवल आतंकी ठिकानों और सैन्य ढांचे को निशाना बनाकर की गई थी, न कि किसी अस्पताल को।
इस हमले के बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है। संयुक्त राष्ट्र समेत कई अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने भी चिंता जताते हुए सभी पक्षों से संयम बरतने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की है।
तथ्य जाँच
- घटना: काबुल के अस्पताल पर हवाई हमला।
- मौतें: लगभग 400 लोगों की मृत्यु, 250 से अधिक घायल।
- हमले का आरोप: अफगानिस्तान ने पाकिस्तान पर आरोप लगाया।
- भारत की प्रतिक्रिया: हमले को “कायराना” और “बर्बर” बताया।
- विदेश मंत्रालय का बयान: इसे “सैन्य ऑपरेशन के नाम पर नरसंहार” कहा।
- पाकिस्तान का पक्ष: केवल सैन्य और आतंकी ठिकानों को निशाना बनाने का दावा।
- लक्ष्य: ड्रग रिहैब अस्पताल, जहां बड़ी संख्या में मरीज थे।
- वैश्विक प्रतिक्रिया: संयुक्त राष्ट्र सहित कई देशों ने चिंता जताई और जांच की मांग की।
